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श्री सत्य साई सेवा संगठनमध्य प्रदेश
मेज़ों पर बैठे बुज़ुर्ग अतिथियों को प्रसाद परोसते सेवादल स्वयंसेवक

कर्म · Work

सेवा विभाग

सेवा विभाग समाज के, विशेषकर वंचितों के, दुःख दूर करने के लिए निःस्वार्थ सेवा करता है। इसमें लेने वाले को राहत मिलती है और करने वाले का हृदय निर्मल होता है।

सेवा विभाग क्या करता है?

सेवा विभाग नारायण सेवा, चिकित्सा शिविर, रक्तदान, ग्राम सेवा, पेयजल, अस्पताल भेंट और आपदा राहत जैसे कार्यों से समाज की सेवा करता है। स्वामी सिखाते हैं कि मनुष्य की सेवा ही ईश्वर की सेवा है।

सेवा पूरी तरह निःशुल्क है और संगठन धन की याचना नहीं करता। सेवादल के स्वयंसेवक अपना समय और श्रम अर्पित करते हैं।

नारायण सेवा — पत्तलों पर भोजन करती ग्रामीण महिलाएँ

“सेवा सत्य साई संगठन की प्राणवायु है। इस सत्य को याद रखें कि आप समाज की सेवा के लिए जन्मे हैं।”

— भगवान श्री सत्य साई बाबा, “मानवीय मूल्य और सेवा”, 15 अक्टूबर 1999, प्रशांति निलयम — सत्य साई स्पीक्स, खंड 32 (भाग 2) (मूल अंग्रेज़ी से अनुवाद)

गतिविधियाँ

मुख्य गतिविधियाँ

  1. नारायण सेवा

    भूखे को भोजन को ईश्वर (नारायण) की सेवा मानकर पका हुआ भोजन परोसना। मध्य प्रदेश में यह सबसे अधिक की जाने वाली सेवा है।

  2. चिकित्सा शिविर

    स्वयंसेवी डॉक्टरों द्वारा निःशुल्क जाँच, परामर्श और दवाइयाँ; एलोपैथी, होम्योपैथी और बहु-विशेषज्ञता शिविर।

  3. रक्तदान

    रक्तदान शिविर और ज़रूरतमंद मरीज़ के लिए सीधे रक्तदान।

  4. ग्राम सेवा

    गोद लिए गए गाँवों में स्वच्छता, स्वास्थ्य, शिक्षा और आजीविका पर लगातार काम।

  5. आपदा राहत

    बाढ़ और अन्य आपदाओं या दुर्घटनाओं के समय राहत सामग्री और सहायता।

  6. जल सेवा

    गर्मी में राहगीरों और ज़रूरतमंदों के लिए पेयजल और छाछ का वितरण।

  7. अस्पताल भेंट

    अस्पतालों, वृद्धाश्रमों और अनाथालयों में जाकर रोगियों और आश्रितों की सेवा और देखभाल।

मध्य प्रदेश में 2026

2026 में सेवा विभाग

1 जनवरी – 27 सितंबर 2026 की अवधि के सत्यापित आँकड़े।

बार आयोजित गतिविधियाँ
746
सहभागिताहर गतिविधि में उपस्थिति का योग
9,304
लाभार्थी
1,44,423
प्रकार की गतिविधियाँ
19

सेवा विभाग की प्रमुख गतिविधियाँ, 1 जनवरी – 27 सितंबर 2026 (सबसे अधिक आयोजित पहले)।

  • नारायण सेवा (पका भोजन)

    कितनी बार
    481
    सहभागिता
    6,259
    लाभार्थी
    1,03,810
  • जल वितरण

    कितनी बार
    94
    सहभागिता
    1,229
    लाभार्थी
    36,333
  • अस्पताल सेवा भ्रमण

    कितनी बार
    31
    सहभागिता
    214
    लाभार्थी
    2,578
  • अमृतकलश वितरण (मासिक)

    कितनी बार
    29
    सहभागिता
    0
    लाभार्थी
    —
  • स्वच्छता एवं सफ़ाई

    कितनी बार
    27
    सहभागिता
    182
    लाभार्थी
    —
  • वृक्षारोपण

    कितनी बार
    26
    सहभागिता
    524
    लाभार्थी
    —
  • साई प्रोटीन वितरण

    कितनी बार
    13
    सहभागिता
    112
    लाभार्थी
    141
  • चिकित्सा शिविर (एलोपैथी सामान्य)

    कितनी बार
    10
    सहभागिता
    427
    लाभार्थी
    613
  • गर्भावस्था देखभाल

    कितनी बार
    8
    सहभागिता
    58
    लाभार्थी
    32
  • रक्तदान (सीधे रोगी हेतु)

    कितनी बार
    7
    सहभागिता
    0
    लाभार्थी
    19

स्रोत: राज्य कार्यालय के अभिलेख, 27 सितंबर 2026 तक; केवल स्वीकृत गतिविधि रिपोर्टें। ‘सहभागिता’ हर गतिविधि में उपस्थित लोगों का योग है, इसलिए एक व्यक्ति कई बार गिना जा सकता है। जिन गतिविधियों में लाभार्थी दर्ज नहीं होते, वहाँ “—” है।

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हर गतिविधि समिति और भजन मंडली के स्तर पर होती है। अपने निकट की समिति खोजें और संयोजक से संपर्क करें।