
उपासना · ज्ञान · कर्म
विभाग
संगठन तीन विभागों में काम करता है: आध्यात्मिक, शिक्षा और सेवा। युवा और महिलाएँ तीनों में साथ-साथ अगुवाई करते हैं।
तीन विभाग
उपासना, ज्ञान और कर्म
श्री सत्य साई सेवा संगठन के तीन विभाग हैं: आध्यात्मिक (उपासना), शिक्षा (ज्ञान) और सेवा (कर्म)। ये तीनों एक-दूसरे से जुड़े हैं, और हर सदस्य से अपेक्षा है कि वह तीनों विभागों की गतिविधियों में भाग ले।

“आध्यात्मिकता सेवा की प्रेरक शक्ति है, और सेवा आध्यात्मिकता की परिपूर्णता है।”
हर विभाग में
युवा और महिलाएँ
युवा और महिला विभाग अलग-थलग नहीं, बल्कि तीनों विभागों के भीतर काम करते हैं। मध्य प्रदेश में राज्य, ज़िला और समिति स्तर पर हर विभाग के लिए पुरुष और महिला समन्वयक नियुक्त किए जाते हैं, और युवाओं के लिए अलग से युवक व युवती समन्वयक।
मध्य प्रदेश में
2026 में तीनों विभाग
1 जनवरी – 27 सितंबर 2026 के बीच स्वीकृत गतिविधि रिपोर्टों के अनुसार, विभागवार आयोजन।
- आध्यात्मिक गतिविधियाँ
- 746
- शिक्षा गतिविधियाँ
- 384
- सेवा गतिविधियाँ
- 746
- सेवा के लाभार्थी
- 1,44,423
- विभाग समन्वयक (सभी स्तर)
- 1,404
- जिनमें महिला समन्वयक
- 701
स्रोत: राज्य कार्यालय के अभिलेख, 27 सितंबर 2026 तक। गिनती केवल स्वीकृत गतिविधि रिपोर्टों की है; पदाधिकारी केवल पद के अनुसार गिने गए हैं। संगठनात्मक बैठकें किसी विभाग में नहीं गिनी गईं।
किसी भी विभाग से जुड़ें
सदस्यता निःशुल्क और स्वैच्छिक है। अपनी निकटतम समिति से संपर्क करें और भजन, बाल विकास या सेवा में हाथ बँटाएँ।








